देहरादून। प्रेमनगर का पौंधा इलाका एक बार फिर गोलियों की तड़तड़ाहट से गूंज उठा। आपसी विवाद में छात्रों के एक गुट ने एक छात्र के साथ गाली गलौज की और फिर कई राउंड फायरिंग की। कई गोलियां छात्र की गाड़ी में भी लगीं। किसी तरह पीड़ित अपनी जान बचाने में कामयाब रहा। पुलिस ने इस मामले में सात युवकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया और स्थानीय विवि के एक छात्र समेत दो को गिरफ्तार कर लिया। बाकी सभी आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है।

एसएसपी अजय सिंह ने बताया कि घटना 24 व 25 मार्च की देर रात की है। मूल रूप से राजस्थान के अलवर का रहने वाला मानस यादव यहां पौंधा की पॉवर एंड बैंकिंग सोसाइटी में किराए पर रहता है। मानस ने पुलिस को बताया कि वह स्थानीय विश्वविद्यालय में बीए एलएलबी का छात्र है। वह अपने फ्लैट की बालकनी में खड़ा हुआ था। इसी बीच अलग-अलग गाड़ियों में कृष पंवार, सूर्यांश चावला, मनस्वी पंडित, हरिवंश समेत चार-पांच अज्ञात युवक आए और उससे गाली गलौज करने लगे। मानस नीचे आया तो उसे मारने की नीयत से उस पर कई राउंड फायरिंग की। कई गोलियां मानस की गाड़ी में लगी, जिससे वह काफी क्षतिग्रस्त हो गई।

कंट्रोल रूम को मिली सूचना के आधार पर पुलिस मौके पर पहुंची लेकिन तब तक हमलावर वहां से जा चुके थे। इसके बाद पुलिस ने मानस की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया और आरोपियों की तलाश शुरू की। कई जगह दबिश दी गई। इस बीच बुधवार को बिदौली के रहने वाले मनस्वी फरासी और जम्मू कश्मीर के कठुआ जिले के रामकोट थाने के अंतर्गत आने वाले गांव थड़े कलवाल का रहने वाला हरिवंश मगलूरिया को पुलिस ने कंडोली बिधौली मार्ग से गिरफ्तार कर लिया। इनके पास से एक देसी तमंचा और एक कारतूस बरामद हुए।

हरिवंश मगलूरिया ने पूछताछ में बताया कि वह स्थानीय विवि से बीकॉम ऑनर्स के द्वितीय वर्ष की पढ़ाई कर रहा है। मानस यादव का उसके दोस्त कृष पंवार के साथ किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। मानस यादव व उसके साथियों ने पंवार के साथ मारपीट भी की और उसे जान से मारने की धमकी दी। इसी विवाद का बदला लेने के लिए वह अपने दोस्तों कृष पंवार और अन्य के साथ मानस के पास पहुंचा था। मानस अपने साथियों के साथ फ्लैट की बालकनी में खड़ा था। उसे देखकर उन्होंने फायरिंग कर दी।

बिधौली क्षेत्र में कई शिक्षण संस्थान मौजूद हैं। असंख्य हॉस्टल और पीजी आदि में यहां हजारों की तादात में छात्र किराए पर रहते हैं। इनमें झगड़े आम बात हो गई है। बात बात पर तमंचों और पिस्तौल से फायरिंग यहां के छात्रों का शगल बन चुका है। बीते दो सालों में यहां दर्जनों फायरिंग की घटनाएं हो चुकी हैं। इनमें कई छात्रों को उन्हें विश्वविद्यालयों और कॉलेजों ने डीबार भी किया है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here